यहां जानवरो की खाल उतारकर शवों को छोड़ दिया जाता है खुले में, महामारी की आशंका

0 36

फर्रुखाबाद–सूबे में योगी सरकार गायो को लेकर कितना सजग है , उसका अंदाजा शहर के निकट गांव बाग लकूला से लगाया जा सकता है ; जहां पर मृतक गायो से लेकर सभी जानवर खुले में डाले जा रहे हैं।

दूसरी तरफ जिस प्रकार से उसको लाइसेंस दिया गया है उसके अनुरूप कोई कार्य नही किया जा रहा है। जानवरो की खाल तो कसाईयो द्वारा उतार ली जाती है उसके बाद उन जानवरो के शवों को खुले कुत्तो से नोचने के लिए छोड़ दिया जाता है।जब जानवरो के शरीर का मांस सड़ने लगता है तो पास में बने मकानों से लेकर प्राथमिक विधालय में पढ़ने वालों बच्चों पर इसका सीधा प्रभाव पड़ रहा है।जानवरो का मांस खाकर आवारा कुत्ते स्कूली बच्चों को काटने को दौड़ते है।इस परेशानी को लेकर स्कूल की प्रधानाचार्य में जिले के अधिकारियो को शिकायत भी की लेकिन कोई कार्यवाही नही की गई है।उनका कहना था कि स्कूल तक जाने आने के लिए बच्चों के साथ रहना पड़ता है; नही तो कुत्ता हमला कर देते है।उधर खुले में मृतक जानवरो को डालने से तमाम प्रकार की बीमारियां फैलने का सभी को डर सताने लगा है।

Related News
1 of 1,457

उधर नन्दी संकल्प सेना के अध्यक्ष विक्रांत अवस्थी ने बताया कि बाग लकूला में गाय पड़ी होने की सूचना मिली थी योगी सरकार गायो के लिए कोई जिम्मेदारी नही निभा पा रही है।हमारे कई पदाधिकारियो ने इस बूचड़ खाने वाले को बुलाया तो वह बन्द करके भाग गया।उसके बाद हम व हिन्दू महासभा के कार्यकर्ताओं ने मृत पड़ी गाय का भू विसर्जन कराया। नेताओ ने अंतिम संस्कार के लियें पालिका की जेसीबी मंगाई। जिसके बाद अंतिम संस्कार किया गया।

खुले में जानवरों के डाले जाने को लेकर सिटी मजिस्ट्रेट जनेंद्र कुमार जैन से बात की गई तो उन्होंने बताया कि जानकारी मिली है यदि वह खुले में मृतक जानवरो को डालकर उसकी खाल उतार वही पर छोड़ रहा है तो जांच कराकर उसके खिलाफ कठोर कार्यवाही की जायेगी।

(रिपोर्ट – दिलीप कटियार , फर्रुखाबाद )

Comments
Loading...