लोक अदालत की पहल से 21 जोड़ो ने फिर से जोड़ा टूटा हुआ बंधन

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औरैया — शादी सात फेरों का ही नही सात जन्मों का बंधन है।लेकिन इस प्यार के बंधन आपसी तालमेल न बैठे तो यह बंधन बोझ लगने लगता है और संबंधों में दूरियां आने लगती है। कई बार तो ऐसा हो जाता है कि रिश्ते टूटने की कगार पर आ जाते है।

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परंतु यदि समय पर सही राय और सलाह मिल जाए तो एक टूटता हुआ रिश्ता भी मजबूत बंधन बन सकता है,और जीवन का मजा तो रिश्तों को जोड़ने में है तोड़ने में नही।  आज ऐसा ही नेक कदम औरैया के परिवार न्यायालय ने उठाया।जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में लगी राष्ट्रीय लोक अदालत में जनपद के कुल 37 मामले तय किए गए।जिनमें 21 जोड़ो में सुलह करा कर साथ-साथ रहने के लिए राजी करा लिया।इस मौके पर जिला जज राजीव गोयल व अन्य न्यायिक अधिकारियों की मौजूदगी में सभी जोड़ों ने एक दूसरे को फूल माला पहनाकर मुकदमें बाजी से तौबा किया। 

(रिपोर्ट-वरुण गुप्ता,औरैया)

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